EVM Full Form in Hindi




EVM Full Form in Hindi - ईवीएम की पूरी जानकारी हिंदी में

EVM Full Form in Hindi, EVM की full form क्या है, EVM क्या है, EVM Full Form in Hindi, EVM Full Form, ईवीएम क्या होता है, EVM का क्या मतलब है, ईवीएम की फुल फॉर्म इन हिंदी, दोस्तों क्या आपको पता है EVM की full form क्या है, EVM का क्या मतलब होता है, EVM Hota Kya Hai, अगर आपका answer नहीं है तो आपको उदास होने की कोई जरुरत नहीं है क्योंकि आज हम इस post में आपको EVM की पूरी जानकारी हिंदी भाषा में देने जा रहे है तो फ्रेंड्स EVM Full Form in Hindi में और EVM की पूरी history जानने के लिए इस post को लास्ट तक पढ़े।

EVM की फुल फॉर्म “Electronic Voting Machine” होती है, EVM एक machine है और इसका उपयोग मतदाता अपना मत किसी भी political party को देने के लिए करता है. EVM में अलग अलग candidate के लिए separate buttons नियुक्त होते हैं. और इन buttons के ऊपर उस party का चिन्ह भी होता है. इन सभी buttons को electronic ballot बॉक्स के साथ cable के माध्यम से connected किया जाता हैं. हमारे भारत में इस मशीन का आविष्कार 1980 में “एम.बी. हनीफा” ने किया था. इस मशीन को उन्होंने “इलेक्ट्रॉनिक संचालित मतगणना मशीन” के नाम से 15 अक्तूबर 1980 को पंजीकृत करवाया था।

EVM में दो units होते हैं, पहले unit को control unit और और दूसरे unit को balloting unit कहते है. जैसा की आप जानते है इन दोनों unit को एक दुसरे के साथ एक five-meter cable के माध्यम से जुड़ा जाता हैं. और जब एक मतदाता वोट करने के लिए किसी एक button को press करता है, जो किसी भी candidate या फिर पार्टी का हो सकता है, मतदाता द्वारा button को press करने के तुरंत बाद ये machine अपने आपको lock कर देता है, दोस्तों ऐसे में EVM को open करने के लिए एक नए ballot number की ही जरुरत होती है. और अगर मतदाता के पास ballot number नहीं है तो इस machine को खोलना सम्भव नहीं. EVMs ये ensure करवाता है की एक इंसान केवल एक ही बार vote कर सकता है।

EVM के इतिहास पर एक नज़र

इस Machine को सन 1980 में एम.बी. हनीफा ने पहली बार भारत के चुनाव के लिए इसका आविष्कार किया. उस समय इस मशीन को gazetted “Electronically Operated Vote Counting Machine”, का नाम दिया गया था. EVM electronic रूप से संचलित और वोटों की गिनती करने वाली एक बहुत ही उपयोगी मशीन’ है. इस Machine का इस्तेमाल पहली बार तमिलनाडू के छः शहरों में इसके मूल रूप के साथ किया गया. जैसा की आप जानते है, सन 1989 में भारतीय चुनाव आयोग ने इसे electronic को operation ऑफ़ इंडिया लिमिटेड’ के साथ मिलकर इसे साधिकार किया. EVM के industrial डिज़ाइनर IIT Bombay के फैकल्टी सदस्य थे।

EVM मशीन की जानकारी

EVM मशीन की जानकारी आइये अब हम EVM की कुछ ख़ास विशेषताएं के बारे में जानते है −

  • EVM machine” छेड़छाड़ से बिलकुल मुक्त होती है इसे machine” को operate करना बहुत ही सरल है।

  • EVM मशीनो में अवैध तरीके से मतों का करना संभावना नहीं है।

  • EVM machine” का उपयोग करने से vote counting प्रक्रिया में तेज आती है जिसे समय की बचत होती है, और साथ में मुद्रण लागत घटाती हैं।

  • EVM मशीन battery से संचालित होता है, इसलिए इस machine” का उपयोग बिना बिजली वाले इलाकों में भी बहुत आसानी के साथ किया जा सकता है।

  • इस मशीन में आप लगभग 3840 वोट दर्ज कर सकती है।

  • इस मशीन का उपयोग चुनाव करने के लिए तब किया जाता है जब उम्मीदवारों की संख्या 64 से अधिक है।

  • इस मशीन को इस प्रकार से programed किया गया है, अगर आपने एक बार इसमें vote देने के बाद किसी भी बटन को प्रेस कर दिया उसके बाद आप जितना भी चाहें दूसरा vote समान candidate को नहीं दे सकते है।

ईवीएम की डिजाईन और टेक्नोलॉजी

EVM मशीन ‘टू पीस सिस्टम’ के अधीन काम करता है. इस मशीन का एक हिस्सा ballet unit का होता है, इस हिस्सा में दलो और उम्मीदवारों के लिए कई बटन दिए होते है, और पांच मीटर लम्बी तार से इसकी दूसरी ईकाई इलेक्ट्रॉनिक ballet बॉक्स से जुडी होती है. आपको पता ही होगा voting बूथ में निर्वाचन आयोग द्वारा भेजे गये प्रतिनिधि हर समय मौजूद होते हैं. और अगर आपने कभी vote डाला है तो आपने देखा होगा vote डालते समय वोटर को ballet पेपर की जगह EVM की ballet unit में विभिन्न दलो के चुनाव चिन्ह के सामने दिए गये नीले रंग के button को दबा कर vote देना होता है. EVM मशीन में use होने वाला कंट्रोलर की प्रोग्रामिंग इतनी ज़बरदस्त होती है कि, एक बार EVM बन जाने के बाद कोई उस program को बदल नहीं सकता है।

EVM मशीन के अंदर use होने वाली बैटरी छः वाल्ट की alkaline होती है. इस मशीन का उपयोग देश में किसी भी जगह आसानी से किया जा सकता है. EVM में बैटरी का उपयोग होने की वजह से इस मशीन का use उन जगहों के चुनावों में भी किया जा सकता है, जहाँ पर आज भी बिजली नहीं पहुँच पायी है. EVM मशीन को इस तरह डिजाईन किया गया है कि, vote देने वाले को किसी तरह के current लगाना का खतरा ना हो. EVM मशीन के द्वारा एक बार किसी उमीदवार को vote दे देने के बाद मशीन आपने आप तुरंत lock हो जाती है, ताकि एक ही बटन को लगातार दो तीन बार press कर के एक ही उमीदवार को एक आदमी द्वारा vote ना दिया जा सके. इस तरह ईवीएम चुनाव में “एक आदमी एक वोट” के नियम को बनाए रखता है, इस मशीन के इस्तेमाल से चुनाव में भ्रष्टाचार होने की संभावना बहुत काम होती है. जैसा की आप जानते है इस मशीन के द्वारा अधिकतम 64 उम्मीदवारों के लिए voting कराई जा सकती है, और उससे अधिक उमीदवार होने पर ballet boxका इस्तेमाल होता है।